(पोटास की पूर्ति का सशक्त स्रोत)
पौधों में पोटास की बहुत जरूरत होती है ।
क्योंकि
पोटास से ही दाना बनता है ।
पौधों में पोटास की पूर्ति से पौधों में कोई तात्कालिक परिणाम नही दिखता परन्तु उपज के रूप में परिणाम आता है ।
मैं आपको जैविक तरीके से पोटास बनाना बता रहा हूँ ।
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प्रकृति में बेल का फल में पोटास और मैग्नीशियम प्रचूर मात्रा में होता है ।
बेल जिसे सँस्कृत में बिल्व कहा जाता है ।
शिवजी को इसके पत्ते चढ़ाने की हमारी परंपरा है ।
इस फल को हमे रसायन बनाकर उपयोग में लाना है
इसके लिए
आप
5 से 6 किलो पके बेल फल के गुदे को 20 लीटर पानी मे डालकर 2 kg गुड़ ड़ालकर डिब्बे में एयरटाइट बन्द कर दे ।
पौधों में पोटास की बहुत जरूरत होती है ।
क्योंकि
पोटास से ही दाना बनता है ।
पौधों में पोटास की पूर्ति से पौधों में कोई तात्कालिक परिणाम नही दिखता परन्तु उपज के रूप में परिणाम आता है ।
मैं आपको जैविक तरीके से पोटास बनाना बता रहा हूँ ।
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प्रकृति में बेल का फल में पोटास और मैग्नीशियम प्रचूर मात्रा में होता है ।
बेल जिसे सँस्कृत में बिल्व कहा जाता है ।
शिवजी को इसके पत्ते चढ़ाने की हमारी परंपरा है ।
इस फल को हमे रसायन बनाकर उपयोग में लाना है
इसके लिए
आप
5 से 6 किलो पके बेल फल के गुदे को 20 लीटर पानी मे डालकर 2 kg गुड़ ड़ालकर डिब्बे में एयरटाइट बन्द कर दे ।
15-15 दिन में डिब्बे को खोलकर मिक्स करते रहना है ।
45 दिन में तैयार हो जाएगा ।
इसे 300 लीटर पानी मे मिलाकर एक एकड़ में जड़ो में ड्रेंचिंग करें ।
लेकिन
फ़सलों में स्प्रे करना है तो इस घोल को 90 दिन डिब्बे में ही भरा रहने दे ।
इसे 300 लीटर पानी मे मिलाकर एक एकड़ में जड़ो में ड्रेंचिंग करें ।
लेकिन
फ़सलों में स्प्रे करना है तो इस घोल को 90 दिन डिब्बे में ही भरा रहने दे ।
ततपश्चात
2 लीटर प्रति एकड़ की दर से 200 लीटर पानी मे मिलाकर स्प्रे करे ।
यह केमिकल खेती के लिक्विड फर्टीलाइजर
2 लीटर प्रति एकड़ की दर से 200 लीटर पानी मे मिलाकर स्प्रे करे ।
यह केमिकल खेती के लिक्विड फर्टीलाइजर
*0:0:50*
के समकक्ष रिजल्ट देता है ।
फ़सलों की क्रांतिक अवस्था के समय
(कल्ले फूटते समय,फूल आने के पहले और बाद में)
3 बार स्प्रे जरूर करें ।
90 दिन बाद घोल तैयार होने पर इसे छानकर पैक करके रख सकते है ।
12 वर्ष तक खराब नही होगा ।
(कल्ले फूटते समय,फूल आने के पहले और बाद में)
3 बार स्प्रे जरूर करें ।
90 दिन बाद घोल तैयार होने पर इसे छानकर पैक करके रख सकते है ।
12 वर्ष तक खराब नही होगा ।
अभी भारत सरकार पूरा का पूरा पोटास विदेशो से आयात करती है
यदि हर किसान बेल के 2-3 पेड़ अपने मेड़ो में लगा ले तो अपने देश का अरबो खरबो रुपया बच सकता है ।
अभी बेल पकने वाला है इसे इखट्टा कर ले और किसी ड्रम में डालकर सबको फोड़कर पानी भरकर रख ले ।
यदि हर किसान बेल के 2-3 पेड़ अपने मेड़ो में लगा ले तो अपने देश का अरबो खरबो रुपया बच सकता है ।
अभी बेल पकने वाला है इसे इखट्टा कर ले और किसी ड्रम में डालकर सबको फोड़कर पानी भरकर रख ले ।
गुड़ पानी और बेल के गूदे का अनुपात 1:3:10 का बना ले ।
यदि घोल में कीड़े आते दिख रहे हो तो थोड़ा से गुड़ और मिला लें ।
यह अनुपात में गुड़ की कमी के कारण होता है ।
कीड़े अपने आप समाप्त हो जायेगे ।
इसे जड़ो में ड्रेंचिंग या फसलो में स्प्रे से तना मजबूत बनता है
पत्ते डार्क ग्रीन(हरा कच्च) हो जाते है तथा दाने ठोस,वजनदार और स्वादिस्ट आता है ।
यदि घोल में कीड़े आते दिख रहे हो तो थोड़ा से गुड़ और मिला लें ।
यह अनुपात में गुड़ की कमी के कारण होता है ।
कीड़े अपने आप समाप्त हो जायेगे ।
इसे जड़ो में ड्रेंचिंग या फसलो में स्प्रे से तना मजबूत बनता है
पत्ते डार्क ग्रीन(हरा कच्च) हो जाते है तथा दाने ठोस,वजनदार और स्वादिस्ट आता है ।
वसुधा जैविक कृषि कल्याण समिति बड़वहा
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